सुबह कटा तरबूज़ शाम को खाया और डिनर में चिकन… 4 बच्चे फ़ूड पॉइजनिंग से गंभीर, एक मृत
छत्तीसगढ़ में छुट्टियों में अपने मामा के घर गए चार बच्चों ने रविवार की सुबह का कटा हुआ तरबूज़ शाम को खाया। फिर डिनर में बच्चों ने चिकन भी लिया। आधी रात के बाद बच्चों को पेट में तेज दर्द और उल्टियां शुरू हुईं। सुबह अस्पताल ले जाने तक 15 साल के एक बच्चे ने दम तोड़ दिया। बाक़ी तीन बच्चों का इलाज चल रहा है। लक्षण के आधार पर डॉक्टर ने फ़ूड पॉइजनिंग की आशंका जताई है और इससे तरबूज को कनेक्ट किया है।
यह हादसा जांजगीर-चांपा जिले के घुरकोट गांव में हुआ है। रविवार, 10 मई को बच्चे अपने मामा के घर आए हुए थे। सबने रविवार दोपहर को कई घंटों से कटा हुआ रखा तरबूज खाया था। फिर बच्चों ने रात के खाने में चिकन भी खाया था। रात करीब 12 बजे से बच्चों को पेट दर्द, उल्टी, दस्त और सांस लेने में तकलीफ जैसी शिकायतें शुरू हुईं।गंभीर हालत के कारण अस्पताल ले जाते समय रास्ते में या इलाज के दौरान अखिलेश धीवर (15) की मौत हो गई। अन्य बच्चों श्री धीवर (4 वर्ष), पिंटू धीवर (12 वर्ष) और हितेश धीवर (13 वर्ष) को गंभीर स्थिति में जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया है।
सिविल सर्जन डॉ. एस. कुजूर ने बताया कि सुबह का कटा हुआ तरबूज काफी देर बाद खाने से उसमें संक्रमण (Infection) हो गया होगा, जो फूड पॉइजनिंग की वजह बना। स्वास्थ्य विभाग ने खाद्य सामग्री के नमूने (Food Samples) ले लिए हैं और विसरा जांच के लिए भेजा गया है ताकि मौत के सटीक कारणों का पता चल सके।



