छत्तीसगढ़ से लक्ष्मी वर्मा और फूलोदेवी नेताम का राज्यसभा सांसद बनना तय… दो सीटों के लिए दो ही उम्मीदवार, 9 मार्च को मिल जाएगा सर्टिफिकेट
द स्तम्भ ने जैसी संभावना जताई थी, छत्तीसगढ़ से दो राज्यसभा सांसदों का निर्विरोध निर्वाचन तय हो गया है। गुरुवार को विधानसभा में भाजपा की ओर से लक्ष्मी वर्मा ने नामांकन फार्म के तीन सेट दाखिल किए। उनके साथ सीएम विष्णुदेव साय समेत कई भाजपा विधायक थे। इसी तरह, कांग्रेस से फूलोदेवी नेताम ने नामांकन फार्म के दो सेट जमा किए। उनके साथ नेता प्रतिपक्ष डा. चरणदास महंत तथा कांग्रेस के विधायक थे। दोनों के नामांकन फार्म की स्क्रूटनी कल, 6 मार्च को होगी। नामांकन वापसी की आखिरी तारीख 9 मार्च को दोपहर तीन बजे तक बताई गई है। समयसीमा समाप्त होने के बाद यानी शाम 4 बजे तक दोनों को सर्टीफिकेट मिल जाएगा। हालांकि राज्यसभा चुनाव 16 मार्च को है। छत्तीसगढ़ में दोनों उम्मीदवारों के निर्विरोध निर्वाचन की स्थिति बन गई है, इसलिए वोटिंग नहीं होगी।
बता दें कि फूलोदेवी नेताम को कांग्रेस ने दोबारा राज्यसभा में भेजा है। इस बार खाली होने वाली दो सीटों में एक राज्यसभा सांसद वही थीं। हालांकि इस बार राज्यसभा के लिए प्रदेश के कुछ कांग्रेस दिग्गजों के नाम भी चल रहे थे, लेकिन पार्टी ने फूलोदेवी का दोबारा चयन कर कई समीकरणों का संतुलित किया। उधर, भाजपा की प्रत्याशी लक्ष्मी वर्मा पहली बार राज्यसभा सांसद बनने जा रही हैं। हालांकि वे पार्टी में लगभग तीन दशक से सक्रिय हैं और संगठन तथा सत्ता में कई अहम पदों पर रह चुकी हैं। राज्यसभा प्रत्याशी घोषित होने से पहले लक्ष्मी वर्मा महिला आयोग की सदस्य थीं, जहां से उन्होंने मंगलवार को इस्तीफा दिया।



