बच्चियों के हॉस्टल में आधी रात घुसा करैत… सोती हुई 6 मासूमों को डंसा, तीन की मृत्यु एक गंभीर… बॉर्डर से लगे गांव की घटना, कांकेर में सनसनी
छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर कांकेर से लगे हॉस्टल में सोते समय जहरीले करैत सांप के डसने से 3 आदिवासी छात्राओं की दर्दनाक मौत हो गई है। जबकि 3 अन्य छात्राओं का गंभीर स्थिति में अस्पताल में इलाज चल रहा है, जिसमे एक की गंभीर हालत में इलाज के लिए नागपुर एयरलिफ्ट किया गया है। यह हृदयविदारक घटना 24 घंटे पहले रात करीब 2 से 2:30 बजे के बीच की है। यह हॉस्टल छत्तीसगढ़ के कांकेर (पखांजूर) जिले से बिल्कुल सटा हुआ है, हालांकि महाराष्ट्र के गढ़चिरौली के गांव में है।
शासकीय अनुदान प्राप्त इस आश्रमशाला के हॉस्टल रूम में करीब 79 छात्राएं फर्श पर सो रही थीं, तभी रात 2 बजे लगभग 5 फीट लंबा जहरीला कॉमन करैत सांप हॉल में घुस आया। उसने फर्श पर सो रही 6 छात्राओं को एक के बाद एक डस लिया। सांप के काटने के बाद जब बच्चियों के शरीर में जहर फैलने लगा और उनकी तबीयत बिगड़ी, तब हॉस्टल में हड़कंप मच गया। बच्चियों का इलाज शुरू हुआ लेकिन तीन मासूम बच्चियों अनु कोरेटी (उम्र 8 वर्ष), दीपिका लकड़ा (उम्र 12 वर्ष) और सुष्मिता मंडल (उम्र 14 वर्ष) ने एक-एक कर दम तोड़ दिया। साँप के डंसने से गंभीर कविता किरंगा, दीपिका मड़ावी, और समृद्धि नैताम का इलाज चल रहा है। इनमें से भी दीपिका मड़ावी की हालत अत्यंत नाजुक होने के कारण उसे बेहतर इलाज के लिए नागपुर के जीएमसी (GMC) अस्पताल एयरलिफ्ट किया गया है। दहशत और एहतियात के तौर पर 16 अन्य छात्रों को भी डॉक्टरों की निगरानी (Observation) में रखा गया है।
इस भीषण लापरवाही के सामने आने के बाद महाराष्ट्र सरकार और प्रशासन ने कड़े कदम उठाए हैं। सरकार ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हॉस्टल की देखरेख करने वाली संस्था का अनुबंध तुरंत रद्द कर दिया है और संबंधित अधिकारियों को निलंबित करने के आदेश दिए हैं। महाराष्ट्र के सीएम और गढ़चिरौली के कलेक्टर ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय विस्तृत जांच और सुरक्षा ऑडिट के निर्देश दिए हैं। ट्राइबल डेवलपमेंट डिपार्टमेंट की टीम मौके का मुआयना कर रही है। प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा में चूक या हॉस्टल प्रबंधन की लापरवाही साबित होने पर दोषियों के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



