कमाल का सेवा सेतु, एक हफ़्ते में निवास प्रमाणपत्र… इस पोर्टल में 40 लाख आवेदन, 95% का निराकरण… सीएम साय और उनके सचिवालय की कड़ी मॉनिटरिंग
शासन की महत्वाकांक्षी पहल सेवा सेतु पोर्टल आम नागरिकों को शासकीय सेवाएं सरल, सुलभ और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराने का सशक्त माध्यम बनकर उभरा है। इस पोर्टल से प्रदेश के नागरिक विभिन्न प्रमाण-पत्रों एवं अन्य सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन कर समय-सीमा में सेवाओं का लाभ प्राप्त कर रहे हैं। कोरबा की एक छात्रा को सेवा सेतु में आवेदन करने के बाद एक हफ्ते में निवास प्रमाणपत्र मिला है। सीएम विष्णुदेव साय एल, उनके प्रधान सचिव सुबोध कुमार सिंह औरसीएम सचिवालय की टीम सेवा सेतु में आए आवेदन और निराकरण की कड़ी मॉनिटरिंग कर रही है। इससे न केवल लोगों का समय और खर्च बच रहा है, बल्कि सरकारी कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर लगाने की समस्या से भी उन्हें राहत मिली है।
कोरबा जिले में पोड़ी तहसील के एक गांव की छात्रा निधि सेन का आवेदन सेवा सेतु पोर्टल की कार्यप्रणाली का उदाहरण बनकर सामने आया है। उन्होंने निवास प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिए ग्राम सुतर्रा स्थित लोक सेवा केंद्र के माध्यम से सेवा सेतु पोर्टल पर आवेदन किया। आवश्यक दस्तावेजों तथा पटवारी प्रतिवेदन की प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद उनका आवेदन निर्धारित समय-सीमा के भीतर निराकृत किया गया और उन्हें मात्र एक सप्ताह में निवास प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया। निधि ने बताया कि आवेदन से लेकर प्रमाण पत्र प्राप्त होने तक पूरी प्रक्रिया बेहद सरल, पारदर्शी और सुविधाजनक रही। उन्हें किसी भी सरकारी कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़े, जिससे समय और धन दोनों की बचत हुई। उन्होंने कहा कि सेवा सेतु पोर्टल के माध्यम से अब आम नागरिकों के लिए सरकारी सेवाओं तक पहुंच पहले की तुलना में कहीं अधिक आसान और प्रभावी हो गई है।
करीब 3 दिन पहले छत्तीसगढ़ सरकार ने सीएम साय की अध्यक्षता में हुई हाई लेवल मीटिंग में इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग की विस्तृत समीक्षा की है। इस मीटिंग में राज्य में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के विकास एवं विस्तार, इंटरनेट कनेक्टिविटी, सेवा सेतु, ई-प्रगति पारस, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, डेटा लैब्स तथा विभिन्न डिजिटल इनोवेटिव प्रोजेक्ट्स का मंथन किया गया। सेवा सेतु पोर्टल की समीक्षा के दौरान बताया गया कि वर्तमान में राज्य के 36 विभागों की 520 सेवाएं इस प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं, जिनमें 111 होस्टेड तथा 409 रीडायरेक्ट सेवाएं शामिल हैं। प्रदेशभर में संचालित 16 हजार 726 सेवा केंद्रों के माध्यम से नागरिकों को विभिन्न सरकारी सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। एक अप्रैल 2025 से अब तक सेवा सेतु के माध्यम से 39.75 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 37.52 लाख आवेदनों का सफलतापूर्वक निराकरण करते हुए 94.3 प्रतिशत सफलता दर प्राप्त की गई है। इस हाई लेवल मीटिंग में सीएस विकास शील, सीएम के प्रधान सचिव सुबोध सिंह, सचिव राहुल भगत, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी सचिव अंकित आनंद, प्रभात मलिक और मयंक अग्रवाल मौजूद थे।
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि सेवा सेतु में क्यूआर आधारित प्रमाण-पत्र सत्यापन, आधार प्रमाणीकरण, डिजिलॉकर एकीकरण, ट्रेजरी एवं ई-चालान प्रणाली तथा डीबीटी आधारित भुगतान जैसी आधुनिक सुविधाएं भी जोड़ी गई हैं, जिससे सेवाओं की पारदर्शिता, विश्वसनीयता और सुविधा में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। बैठक में नवा रायपुर में सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप की स्थापना, एआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, डेटा लैब्स, सुरक्षा संचालन केंद्र, जीआईएस आधारित मॉनिटरिंग प्रणाली तथा डिजिटल निगरानी जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई।



