नीट और जेईई की तैयारी करने वाले ग्रामीण बच्चों के लिए 100-100 सीटर हॉस्टल… छत्तीसगढ़ में ऐसे हॉस्टल पहली बार, सीएम साय की दुर्ग में घोषणा
छत्तीसगढ़ में पहली बार नीट और जेईई की तैयारी करने वाले ग्रामीण बच्चों के लिए हॉस्टल बनाया जाएगा। दुर्ग में शाला प्रवेशोत्सव समारोह में सीएम विष्णुदेव साय ने यह बड़ी घोषणा की है। 100-100 सीटर होस्टल छात्र और छात्राओं के लिए अलग-अलग बनाए जाएंगे। वैसे सीएम साय ने इन यूनिक होस्टल्स के अलावा दुर्ग जिले में शिक्षा विभाग के संयुक्त संचालक, जिला शिक्षा अधिकारी एवं विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालयों के स्थान पर आधुनिक कम्पोजिट कार्यालय भवन के निर्माण की घोषणा की।यही नहीं, दुर्ग शहर में सर्वसुविधायुक्त आधुनिक ऑडिटोरियम, खेल प्रतिभाओं के लिए फुटबॉल मैदान सह एथलेटिक्स ट्रैक बनाने का ऐलान करते हुए कहा कि इन निर्णयों से शिक्षा और खेल दोनों क्षेत्रों में प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के लिए बेहतर वातावरण मिलेगा।
इस समारोह में स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव और स्कूल शिक्षा सचिव आईएएस डॉ. कमलप्रीत सिंह भी शामिल हुए। सीएम साय ने शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में पहली बार प्रवेश लेने वाले नन्हे बच्चों का तिलक लगाकर एवं मुंह मीठा कराकर स्वागत किया। उन्होंने कक्षा पहली, छठवीं एवं नवमी के चयनित विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्य-पुस्तकें, गणवेश एवं स्कूल बैग वितरित किए। साथ ही कक्षा नवमी की छात्राओं को साइकिल प्रदान कर उन्हें उच्च शिक्षा के लिए निरंतर आगे बढ़ने का संदेश दिया।
सीएम साय ने राष्ट्रीय साधन सह प्रवीण्य छात्रवृत्ति परीक्षा 2025-26 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित करते हुए कहा कि प्रतिभा किसी क्षेत्र या परिस्थिति की मोहताज नहीं होती, आवश्यकता केवल सही अवसर और उचित मार्गदर्शन की होती है। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार शिक्षा व्यवस्था को केवल बेहतर बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उसे भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप आधुनिक और समावेशी बना रही है। प्रदेश के विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, समय पर निःशुल्क पुस्तक एवं गणवेश वितरण, अतिरिक्त पौष्टिक आहार, नियमित पालक-शिक्षक बैठक, न्योता भोज और भारतीय संस्कृति पर आधारित विभिन्न नवाचारों के माध्यम से बच्चों के सर्वांगीण विकास का वातावरण तैयार किया जा रहा है।



