छत्तीसगढ़ में 2 हज़ार से ज़्यादा बसों को परमिट रद्द करने का नोटिस… जीपीएस नहीं होने पर अब सरकार का कड़ा रुख़
बिना लोकेशन ट्रैकिंग सिस्टम (GPS) और पैनिक बटन वाली यात्री बसों पर परिवहन विभाग कड़ी कार्रवाई शुरु कर दी है। लंबी जांच के बाद परिवहन विभाग की ओर से करीब 2000 यात्री बसों को GPS सिस्टम नहीं होने का नोटिस जारी किया है। सरकार के कड़े रुख के बाद ऐसी बसों की पहचान कर उनके मालिकों को नोटिस जारी करना और चालान काटना शुरू किया है, जिनकी लाइव लोकेशन कंट्रोल रूम को नहीं मिल रही है।
छत्तीसगढ़ में करीब 12 हजार यात्री बसें चल रही हैं। सरकार के निर्देश के बाद परिवहन विभाग ने जांच में इन्हें कवर किया है। जानकारी के अनुसार इस जांच में 60 फीसदी बसों में GPS बंद मिला है। विभाग की समीक्षा में सामने आया है कि राज्य की लगभग 2,000 से अधिक यात्री बसों की लाइव लोकेशन निर्भया कमांड सेंटर (कंट्रोल रूम) से गायब है। ऐसी बसों में GPS नहीं लगाने पर परमिट रद्द करने की चेतावनी जारी की गई है।
बता दें कि हाल ही में सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court) ने भी देश के सभी राज्यों को सार्वजनिक परिवहन वाहनों में Vehicle Location Tracking Device (VLTD) और पैनिक बटन को सख्ती से लागू करने का निर्देश दिया है। बता दें कि महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के लिए बसों में GPS जरूरी किया गया है।



