छत्तीसगढ़ के जूनियर-इंटर्न डॉक्टर्स स्टाइपेंड बढ़वाने के लिए 21 सितंबर से हड़ताल पर… पहले ओपीडी बंद, 23 से इमरजेंसी ठप
छत्तीसगढ़ में सोमवार, 21 सितंबर से करीब 5,000 जूनियर और इंटर्न डॉक्टर अपनी 17 सूत्रीय मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन शुरू करने जा रहे हैं। मुख्य मांगों में जूनियर और इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाना है। इस हड़ताल से पूरे राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं पर बड़ा असर पड़ सकता है। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन (JDA) और इंटर्न डॉक्टरों ने सरकार को सौंपे ज्ञापन में चेतावनी दी है के 21 सितंबर से डॉक्टर अस्पताल की ओपीडी (OPD) सेवाओं में काम नहीं करेंगे। यदि सरकार की ओर से मांगें पूरी नहीं की जाती हैं, तो 23 सितंबर से आपातकालीन (Emergency) सेवाओं को भी पूरी तरह बंद करने की चेतावनी दी गई है।
डॉक्टर कुल 17 सूत्रीय मांगों को लेकर यह आंदोलन कर रहे हैं, जिनमें स्टाइपेंड (Stipend) में बढ़ोतरी के साथ ड्यूटी के दौरान डॉक्टरों की सुरक्षा और बेहतर कार्य माहौल सुनिश्चित करना शामिल है। इनके अलावा कुछ अन्य शैक्षणिक और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े प्रशासनिक मुद्दे भी हैं। आशंका है कि l पूरे छत्तीसगढ़ के सरकारी मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में इस हड़ताल का सीधा असर मरीजों पर देखने को मिल सकता है।



