रायपुर पुलिस ने पहली महिला हिस्ट्रीशीटर को किया जिलाबदर… 17 केस की आरोपी मोनिका 2 माह के लिए 6 जिलों से बाहर
रायपुर कमिश्नरेट ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए 17 केस की आरोपी मोनिका सचदेव को 2 माह के लिए रायपुर समेत 6 जिलों से जिलाबदर कर दिया है। रायपुर और संभवतः छत्तीसगढ़ में पहली बार किसी महिला हिस्ट्रीशीटर को जिलाबदर किया गया है। मोनिका पर यह कार्रवाई रायपुर पुलिस कमिश्नर डॉ संजीव शुक्ला ने की है। उसे रायपुर, दुर्ग, धमतरी, महासमुंद, बलौदाबाजार एवं गरियाबंद की राजस्व सीमाओं से 02 माह के लिए जिला बदर का आदेश जारी किया है।
पुलिस ने बताया कि गंभीर आपराधिक गतिविधियों में लगातार मोनिका सचदेव पति जियाउल उम्र 35 साल निवासी रावतपुरा कॉलोनी टिकरापारा रायपुर के ख़िलाफ़ छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1990 के तहत जिला बदर की कार्रवाई की गई है। आरोपिया थाना टिकरापारा की गुंडा लिस्ट और हिस्ट्रीशीट में पहले से है। इस आधार पर डीसीपी वेस्ट ने जिलाबदर का प्रस्ताव तैयार किया था। इसकी जांच में पाया गया कि मोनिका के ख़िलाफ़ 2005 से थाना सिटी कोतवाली, थाना टिकरापारा, थाना गोलबाजार, थाना सिविल लाइन में कुल 17 आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। इनमे मारपीट, अवैध वसूली, लूट, आबकारी एक्ट, एनडीपीएस एक्ट के अपराध शामिल हैं। इन अपराधों की सूची भी जारी की है। पुलिस ने बताया कि आरोपीया की गतिविधियों से रावतपुरा कॉलोनी क्षेत्र में भय है। आम लोग उसके विरुद्ध शिकायत करने से डरते हैं। इसलिए भी सख्त कार्रवाई की गई है।



