मनरेगा 20 साल चली, आज से “वीबी जीरामजी” शुरू… 125 दिन का गारंटी रोज़गार, मजदूरी भी बढ़ाई… साय सरकार ने दिए 4 हज़ार करोड़ रुपए
छत्तीसगढ़ सहित पूरे देश में आज 1 जुलाई 2026 से मनरेगा (MGNREGA) की जगह नई ग्रामीण रोजगार योजना ‘वीबी जी राम जी’ (Viksit Bharat – Guarantee for Rozgar and A livelihood Mission) लागू कर दी गई है। मनरेगा को 2 फरवरी 2006 को आधिकारिक तौर पर आंध्रप्रदेश के अनंतपुर जिले से लागू किया गया। शुरुआती दौर में इसका नाम नरेगा (NREGA) था, जिसे 2009 में नाम मनरेगा (‘महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम)’ किया गया। योजना के लिए छत्तीसगढ़ सीएम विष्णुदेव साय सरकार ने अपने बजट में 4,000 करोड़ रुपए का प्रावधान पहले ही कर रखा है।
आज़ से शुरू हुई वीबी जीरामजी योजना का मुख्य उद्देश्य देश के हर ग्रामीण परिवार को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना है। अब तक मनरेगा में 100 दिनों का रोजगार मिलता था, लेकिन अब इस नई योजना में ग्रामीण परिवारों को 125 दिनों के रोजगार की गारंटी दी जाएगी। राष्ट्रीय स्तर पर औसत दैनिक मजदूरी को ₹298.8 से बढ़ाकर ₹327.4 कर दिया गया है।
अधिकृत जानकारी के अनुसार जब तक ‘वीबी जी रामजी’ योजना के नए जॉब कार्ड जारी नहीं होते, तब तक ग्रामीण मजदूर पुराने मनरेगा कार्ड से ही काम पा सकेंगे। इस योजना में गांवों के बुनियादी विकास को ध्यान में रखते हुए कुल 318 प्रकार के कार्यों को शामिल किया गया है।



