कोयला खदान के लिए बुलडोजर लेकर पहुंचे सरकारी अमले पर गांववालों का हमला… एएसपी-टीआई समेत दो दर्जन पुलिसवाले घायल, फिर चली आंसूगैस
सरगुजा में एसईसीएल की अमेरा कोयला खदान के विस्तार के लिए ज़मीन ख़ाली करने अपर कलेक्टर और एएसपी के साथ बुलडोजर लेकर पहुंचे 500 पुलिसकर्मी और सरकारी अमले पर गांववालों ने हमला कर दिया। ग्रामीणों की ओर से किए गए पथराव में एएसपी अमोलक सिंह और टीआई अश्वनी सिंह समेत 25 पुलिसकर्मी घायल हो गए। इसके बाद फोर्स भी बलप्रयोग पर उतर आई। आंसूगैस के गोले भी चलाने पड़े। इसमें दर्जनभर ग्रामीण भी घायल हुए हैं। बवाल बुधवार को सुबह परसोड़ी गांव में हुआ है। इस घटना से पूरे इलाके में तनाव है और चप्पे चप्पे पर फोर्स तैनात कर दी गई है।
मिली जानकारी के अनुसार इस गांव की जमीन 2001 में ही खदान के लिए अधिग्रहित कर ली गई थी। गांववालों का दावा है कि अब तक सिर्फ 19 फीसदी किसानों ने ही मुआवजा लिया है। बाकी लोग नौकरी और पूरा मुआवजा नहीं मिलने से नाराज हैं। तीन महीने पहले जब बुलडोजर चले थे, तब से ग्रामीण दिन-रात अपनी फसल और जमीन की रखवाली कर रहे हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार एसईसीएल ने खदान चलाने का ठेका निजी कंपनी LCC को दे रखा है। कंपनी का कहना है कि देरी से उसे रोज करोड़ों का घाटा हो रहा है। इसी वजह से बुधवार को अपर कलेक्टर सुनील नायक के नेतृत्व में भारी पुलिस बल के साथ प्रशासन जमीन पर कब्जा दिलाने पहुंचा। तब ग्रामीणों ने पत्थर और गुलेल से हमला कर दिया। जवाब में पुलिस ने भी पत्थर फेंके। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर पहले हमला करने का आरोप लग रहा है फिलहाल इलाके में तनाव बना हुआ है।अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। प्रशासन ग्रामीणों से बातचीत करने की कोशिश कर रहा है।



