आज की खबर

कमार बहुल गांव में सोखता गड्ढा बनाकर दिखाया सीएम साय ने… सीमेंट और ईंटों से एक साइड दीवार की परफेक्ट जुड़ाई कर डाली… फिर बताए सोखता गड्ढे के फायदे

सुशासन तिहार के अंतिम चरण में औचक निरीक्षण में ट्रेंड सेट कर चुके सीएम विष्णुदेव ने शुक्रवार को नया काम कर दिया। वे बलौदाबाजार में कमार जनजाति बहुल गांव बल्दाकछार में थे। वहां बारिश तथा बहते पानी को रिचार्ज करने के लिए सोखता गड्ढा बनाना था। सीएम गांव के लोगों को सिखाना चाहते थे कि सोखता गड्ढा कैसे बनता है। वे इसे बनाने के लिए कैंचा-करनी और ईंट लेकर उतर गए। पहले सीमेंट-बालू से हल्का मसाला बनवाया। फिर गड्ढे की नपाई करवाई और एक तरफ की दीवार की जोड़ाई खुद शुरू कर दी। उन्होंने परफेक्ट तरीके से मसाला लगाकर ईंटें जोड़ीं और एक तरफ की छोटी दीवार खड़ी कर दी। फिर लोगों से कहा कि इसी तरह चारों ओर छोटी दीवार से ऐसे घेरना है, ताकि पानी गड्ढे में जाए और वाटर रिचार्जिंग हो सके।

राजमिस्त्री बनकर ईंटें जोड़ने के बाद सीएम साय ने लोगों ने बताया कि उन्हें यह काम भी आता है। सोखता गड्ढा को लेकर उन्होंने कहा कि जल संकट से बचने इस तरह के प्रयास जरुरी हैं। वहीं मौजूद जल संचयन वाहिनी के सदस्य ललिता ध्रुव ने बताया कि मोर गांव, मोर पानी महाभियान के तहत बल्दाकछार में अब तक 10 नलकूपो के पास सोखता गड्ढा बना चुके हैं। तालाबों की सफाई भी चल रही है, वाटर हार्वेस्टिंग के लिए लोगों को जागरुक किया जा रहा है।

बता दें कि सीएम विष्णुदेव साय ने पंचायत राज दिवस पर 24 अप्रैल को मोर गांव मोर पानी महाभियान की शुरुआत की है। इसके तहत बलौदाबाजार- भाटापारा जिले की सभी 519 पंचायतों में नलकूपों के पास 2500 सोखता गड्ढे बना लिए गए हैं। करीब 1291 तालाबों की सफाई भी की गई है। ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति की बैठकें हो रही हैं, जिनमें बताया जा रहा है कि बारिश के पानी को जमा करने के लिए किस तरह के उपाय जरूरी हैं। हर पंचायत में 2 जल संचयन वाहिनी क़ा गठन किया गया है। ये संगठन इसी तरह के कार्यों के लिए लोगों को प्रोत्साहित कर रहे हैं।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Back to top button