पहलगाम में जहां पर्यटकों पर आतंकी हमला हुआ, वहां पहुंचे गृहमंत्री शाह… इधर, तीनों सेनाध्यक्षों की रक्षा मंत्रालय में 3 घंटे चली बैठक खत्म… जवाबी कार्रवाई विकल्प पीएम मोदी के सामने रखेगी सेना
पहलगाम में 28 पर्यटकों को जिस जगह आतंकवादियों से बेरहमी से मारा, वारदात के 20 घंटे के भीतर ही केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह वहां पहुंच गए। उन्होंने मौके और आसपास लगे इलाकों का मुआयना किया और साथ गए सुरक्षाबलों को आवश्यक निर्देश दिए हैं। इससे पहले, गृहमंत्री शाह ने मृत पर्यटकों के परिजनों से मुलाकात की और उन्हें ढाढस बंधाया है। गृहमंत्री शाह मंगलवार की शाम से कश्मीर में हैं और लगातार बैठकें चल रही हैं। कुछ देर में गृहमंत्री शाह कश्मीर से नई दिल्ली लौटेंगे, जहां सीसीएस की बैठक में शामिल होंगे। बैठक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में शाम को होगी। इससे पहले, नई दिल्ली में बुधवार को सुबह रक्षा मंत्रालय में हुई बैठक में बदले की कार्रवाई के विकल्पों पर विचार-विमर्श किया गया। करीब तीन घंटे चली इस बैठक में रक्षामंत्री राजनाथ सिंह के साथ देश की तीनों सेनाओं के सेनाध्यक्ष मौजूद थे। सूत्रों के मुताबिक कार्रवाई के विकल्प तैयार कर लिए गए हैं। कुछ देर में सेनाध्यक्षों की इन विकल्पों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बैठक होने वाली है। इससे पहले, कश्मीर सीमा पर सेना को सतर्क कर दिया गया है। यही नहीं, पूरी घाटी में चप्पे-चप्पे पर सुरक्षाबल तैनात किए गए हैं। जम्मू कश्मीर के अंदरूनी इलाकों में हाई अलर्ट जारी किया गया है।
पहलगाम में हुए कायराना हमले की जांच के लिए बुधवार को सुबह एनआईए की बड़ी टीम श्रीनगर पहुंच गई है। आतंकवादियों के खिलाफ जल्दी ही बड़ा आपरेशन शुरू होने के संकेत मिल रहे हैं। पहलगाम में जहां वारदात हुई, सेना के हेलिकाप्टरों ने वहां कई किमी दायरे के जंगल-पहाड़ों को घेर लिया है। हमलावर आतंकियों की संख्या 4 बताई जा रही है। सभी के स्कैच जारी कर दिए गए हैं और सूत्रों का कहना है कि देश की खुफिया एजेंसियों ने इनकी पहचान कर ली है। मारे गए पर्यटकों के रिश्तेदारों से बातचीत के आधार पर बताया जा रहा है कि आतंकी पश्तो (अफगान) और उर्दू में बातचीत कर रहे थे, कश्मीरी नहीं बोल रहे थे। इसलिए यह आशंका जताई गई है कि सभी सीमा पार से आए थे और वारदात के बाद उसी तरफ भागे हैं। हमले की जिम्मेदारी टीआरएफ नाम के संगठन ने ली है, जिसका मुखिया सज्जाद गुल 10 लाख रुपए का ईनामी आतंकी है और पाक अधिकृत कश्मीर में रहता है, ऐसा मीडिया रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है। इन संकेतों के आधार पर भारतीय सेना के कमांडों दस्ते पहलगाम के जंगलों में उतर गए हैं और हर कोना छाना जा रहा है। इधर, जम्मू-कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला ने श्रीनगर में शाम 6 बजे कैबिनेट की बैठक बुला ली है। कश्मीर सरकार तथा विपक्षी दलों के नेताओं ने भी आतंकी हमले को कायराना और देश की अस्मिता पर हमला करार देते हुए मारे गए पर्यटकों के प्रति गहरी संवेदना जताई है।



