छत्तीसगढ़ में अब 5 महिला एसपी… आईपीएस अंकिता शर्मा, भावना गुप्ता, रत्ना सिंह, पूजा कुमार और श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा… ऐसा साय सरकार में पहली बार

(फोटो लेफ्ट से- भावना गुप्ता, श्वेता सिन्हा, रत्ना सिंह और अंकिता शर्मा)
छत्तीसगढ़ की साय सरकार में ऐसा पहली बार हुआ है, जब पांच महिला आईपीएस अफसरों के हाथों में तीन जिले, रेडियो और जीआरपी की कमान है। आईपीएस अंकिता शर्मा को राजनांदगांव एसपी बनाया गया है, हालांकि इससे पहले भी वे सक्ती की एसपी थीं। आईपीएस भावना गुप्ता बलौदाबाजार एसपी की कमान संभाल रही हैं। आईपीएस रतना सिंह एसपी मनेंद्रगढ़ बनाई गई हैं, जबकि अब तक वे पुलिस मुख्यालय में एआईजी थीं। आईपीएस पूजा कुमार रेडियो एसपी के तौर पर बिलासपुर में पदस्थ हैं। इसी तरह, आईपीएस श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा अभी जीआरपी में एसपी हैं और राज्यसेवा में रहते हुए लंबे समय तक उन्होंने अर्बन पुलिसिंग की है।
पिछले कुछ वर्षों में छत्तीसगढ़ में कई महिला आईपीएस ने एसपी की जिम्मेदारी बखूबी संभाली है और यह अनुपात बढ़ भी रहा है। इससे पहले आईपीएस पारुल माथुर, आईपीएस नीथू कमल और आईपीएस नेहा चंपावत अलग-अलग जिलों में एसपी रह चुकी हैं। जिन महिला अफसरों को एसपी की जिम्मेदारी दी गई है, उनमें चार डायरेक्ट आईपीएस और एक छत्तीसगढ़ सेवा से प्रमोट की गई आईपीएस हैं। पिछले दो साल में छत्तीसगढ़ सेवा से कई महिला अफसर आईपीएस प्रमोट हुई हैं। माना जा रहा है कि इनमें से भी कुछ को जल्दी ही जिलों में मौके दिए जा सकते हैं।
जहां तक साय सरकार की रणनीति की बात है, एसपी नियुक्त करने के मामले में सरकार ने डायरेक्ट आईपीएस के साथ-साथ छत्तीसगढ़ पुलिस सेवा से प्रमोट हुए आईपीएस को भी अच्छे मौके दिए हैं। रायपुर एसएसपी डा. लाल उमेद सिंह, दुर्ग एसएसपी विजय अग्रवाल और बिलासपुर एसपी रजनेश सिंह राज्य पुलिस सेवा से आईपीएस बने थे। यह पहला मौका ही है, जब प्रदेश के तीन बड़े जिलों में राज्य सेवा से आईपीएस बने अफसरों ने बड़े जिलों में भी जिम्मेदारी बखूबी निभाई है। शुक्रवार को जारी हुई लिस्ट में भी प्रफुल्ल ठाकुर और पंकज चंद्रा राज्य पुलिस सेवा से आईपीएस प्रमोट हुए। हालांकि ठाकुर पहले भी कई अहम जिलों के एसपी रहे हैं।



